आंधी-बारिश की पहले चेतावनी, दिल्ली में लगाए जाएंगे 50 वेदर स्टेशन
दिल्ली|दिल्ली में मौसम की जानकारी सटीक और आधुनिक बनाने के लिए जल्द 50 नए ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन (AWS) लगाए जाएंगे जिनमें से 20 तो इसी महीने इंस्टॉल हो जाएंगे। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) और मिनिस्ट्री ऑफ अर्थ साइंस इसपर मिलकर काम कर रहे हैं। नए वेदर स्टेशन से लोगों को मौसम की रियल टाइम जानकारी मिल सकेगी। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के 151वें स्थापना दिवस के अवसर पर ये जानकारी दी।केंद्रीय मंत्री के मुताबिक शहरों में बढ़ती जनसंख्या और जलवायु परिवर्तन के दौर में मौसम के पूर्वानुमान की जरूरत अब पहले से कहीं ज्यादा है। वहीं मिनिस्ट्री ऑफ अर्थ साइंस के सचिव एम रविचंद्रन ने बताया कि पहले 100 किलोमीटर के दायरे में एक सामान बारिश का पैटर्न था जिसकी रेंज अब घटकर 10 किलोमीटर रह गई है और ये आने वाले समय में 1 किलोमीटर भी हो सकती है। रविचंद्रन के मुताबिक अगर ऐसा हुआ तो आने वाले समय में 1 किलोमीटर के दायरे में ही अत्याधिक बारिश देखने को मिल सकती है। ऐसे में हाई रिजॉल्यूशन डेटा की जरूरत को देखते हुए ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन की संख्या बढ़ाई जा रही है।हिमाचल प्रदेश मौसम पर बड़ा अपडेट, यहां पूरे हफ्ते होगी बारिश और बर्फबारीये भी पढ़ें:राजस्थान में फिर बदलेगा मौसम का मिजाज, सर्दी से मिलेगी राहतये भी पढ़ें:झारखंड में सर्दी का सितम! यहां 1 डिग्री से नीचे गिर गया तापमान;IMD ने क्या बताया दिल्ली के अलावा इन शहरों को भी सौगात दिल्ली के अलावा मुंबई, चेन्नई और पुणे में भी 50-50 नए ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन लगाए जाएंगे। आपको बता दें कि देश में फिलहाल 1000 ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन हैं। यानी अब इनकी संख्या आने वाले समय में जल्द 1200 हो जाएगी।
क्या हैं हैं ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन?
ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन ऐसी डिवाइज हैं जो मौसम संबंधी जानकारी ऑटोमैटिकिली कलेक्ट, स्टोर और ट्रांसमिट करते हैं। इसके जरिए टेम्परेचर, बारिश, आर्द्रता, हवा की स्पीड और प्रेशर जैसी जानकारी रियल टाइम में उपलब्ध होती है।

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